Page Nav

HIDE

Grid

GRID_STYLE

Pages

Classic Header

{fbt_classic_header}

Top Ad

ब्रेकिंग :

latest

Breaking News

Automatic Slideshow


एविएशन सेक्टर को राहत, मोदी कैबिनेट ने ATF दाम स्थिर करने के लिए 10,000 करोड़ का फंड मंजूर किया

 मिडिल ईस्ट युद्ध के कारण भारत में जन्में संकटों में से एक एयरलाइन उद्योग है. US-Iran के बीच जारी युद्ध के चलते भारत का एयरलाइन इंडस्ट्री अभ...

Also Read

 मिडिल ईस्ट युद्ध के कारण भारत में जन्में संकटों में से एक एयरलाइन उद्योग है. US-Iran के बीच जारी युद्ध के चलते भारत का एयरलाइन इंडस्ट्री अभी सबसे ज्यादा संकटों से घिरा हुआ है. उड़ानों की लागत बढ़ने की वजह से तमाम एयरलाइंस को भारी मुश्किल हो रही है. इस तेल संकट के बीच मोदी सरकार ने 3 जून 2026 को कैबिनेट की बैठक में एक बड़ा फैसला लेते हुए बड़ा ऐलान किया है. पीएम की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट मीटिंग में ऑयल मार्केटिंग कंपनियों को 10 हजार रुपये के ATF फंड को मंजूरी दी गई है.




तेल संकट के बीच PM मोदी का बड़ा फैसला, आधा हुआ काफिला; सरकारी खर्च पर भी  लगेगी लगाम | Tehelka Hindi

तेल संकट के बीच मोदी सरकार ने बड़ा फैसला लिया है. केंद्रीय कैबिनेट की बैठक में एविएशन सेक्टर को राहत देने के लिए दो बड़े फैसले किए गए हैं.

केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने 3 जून को प्रेस कॉन्फ्रेंस में कैबिनेट के फैसलों की जानकारी देते हुए कहा कि मिडिल ईस्ट युद्ध शुरू होने के बाद से ATF की अंतरराष्ट्रीय कीमतों में करीब ढाई गुना तक उछाल आ चुका है. ATF की कीमत मार्च 2026 में करीब ₹60.5 प्रति लीटर थी, वहीं मई 2026 में बढ़ते हुए 142 प्रति लीटर पहुंच गई हैं. अश्विनी वैष्णव ने आगे बताते हुए कहा कि एयरलाइंस के कुल खर्च का लगभग 30-40% हिस्सा केवल एटीएफ खरीदने में ही खर्च हो जाता है. कभी-कभी असामान्य स्थितियों में यह हिस्सा 60% तक पहुंच जाने के कारण एयरलाइंस पर दबाव बनाने लगती है.

ATF के दाम को स्थिर करने के लिए केंद्र सरकार की तरफ से दिया जाने वाला यह फंड असल में ब्याज मुक्त कर्ज के तौर पर सहायता देने के लिए काम आएगा. यह फंड पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय के जरिए ऑयल मार्केटिंग कंपनियों को उपलब्ध कराई जाएगी. घरेलू और अंतरराष्ट्रीय दोनों ऑपरेशन चलाने वाली भारतीय एयरलाइंस को इस स्कीम का लाभ मिलेगा.

कैबिनेट ने 10,000 करोड़ रुपये के फंड के साथ ATF प्राइस स्टेबिलाइजेशन फंड बनाने को मंजूरी दी है. एटीएफ प्राइस स्टेबलाइजेशन सपोर्ट 36 महीनों तक लागू रहेगी और हर साल इसकी समीक्षा की जाएगी . सरकारी आंकड़ों के मुताबिक महज दो महीनों में कीमतें लगभग 2.5 गुना बढ़ गई हैं. मंत्री अश्विनी वैष्णव ने आगे बताया कि सरकार ने घरेलू ऑपरेशन के लिए ATF की कीमतें ₹75.6 प्रति लीटर तय कर दी हैं.