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कुछ महीने तक प्रतिमाह मोटा ब्याज दिया, एक के बाद एक ग्राहक फंसते गए,क्रिप्टोकरेंसी ट्रेडिंग के नाम पर अधिक मुनाफा देने का देता था लालच, कुछ महीने तक ब्याज देने के बाद ऑफिस बंद,धोखाधड़ी करने वाला आरोपी गिरफ्तार,आरोपी से रूपया गिनने का मशीन बरामद

भिलाई . असल बात news.  प्रतिमाह.मोटा ब्याज  देकर ठगने की घटनाएं काफी पहले से हो रही है लेकिन लोग, अभी भी इस जालसाजी में फंस जा रहे हैं. सुपे...

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भिलाई .
असल बात news. 

प्रतिमाह.मोटा ब्याज  देकर ठगने की घटनाएं काफी पहले से हो रही है लेकिन लोग, अभी भी इस जालसाजी में फंस जा रहे हैं. सुपेला भिलाई में फाइनेंस आफ इन्वेस्टमेंट कंसलटेंसी के नाम से एक संस्था शुरू की गई और उसने भी प्रतिमाह मोटा ब्याज देने का लालच  दिया. लोग चक्कर में आकर फंसते गए. कुछ महीने तक रहा अधिक ब्याज मिलता रहा, फिर एक दिन उसे ऑफिस में भी ताला लटका मिला.पीड़ितों ने पुलिस में रिपोर्ट दर्ज कराई है जिसके बाद आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है. आरोपी पीड़ितों को क्रिप्टो करेंसी ट्रेडिंग केरल पर 6% प्रतिमाह मुनाफा देने का लालच देता था.

 पुलिस से प्राप्त जानकारी के अनुसार आरोपी  हार्दिक कुदेशिया निवासी शांति नगर भिलाई ने अग्रसेन चैक के पास नेहरू नगर सुपेला में ऑफिस खोल रखा था वह स्वयं को ट्रेडिंग करना एवं अपने निवेशकों को प्रतिमाह 6 प्रतिशत  प्रतिमाह ब्याज दिलाने की बात करता था. प्रार्थी को भी उसने अच्छा मुनाफा मिलने का प्रलोभन देकर रकम निवेश करने के लिए कहा गया. पीड़ित ने 20 लाख रू विभिन्न माध्यम अपने तथा अपने पिता अनुराग के खाता में, आनलाईन व नगद दिया.  उसे ब्याज की राशि मिलने शुरू हो गयी. इसे देखकर उसके पिता भुषण लाल साहू ने भी हार्दिक के कहने पर हार्दिक के माता के खाते में 04 लाख रू जमा कराया।  अप्रेल से अक्टूबर 2025 तक ब्याज की राशि प्राप्त होती रही. माह नवम्बर में ब्याज की राशि नहीं प्राप्त होने पर ऑफिस जाने पर अग्रसेन किसी चौक नेहरू नगर सुपेला का ऑफिस बंद हो चुका था. प्रक रण में में पुलिस ने  318(2),318(4),3(5) ठछै का का अपराध कब किया 

 जांच में पता चला कि आरोपी हार्दिक कुदेषिया द्वारा सन् 2024 में फायनेंस अप इंवेस्टर एंड कन्सलटेन्सी के नाम से नेहरू नगर अग्रसेन चैक के पास आॅफिस खोला अपने साथियों के माध्यम से निवेश करने वालो से इकरार नामा तैयार कराकर निवेशक जितना रूपया लगाते थे उसमे 06 प्रतिषत प्रतिमाह मुनाफा देता था. वह अपने साथियों को जो रूपया निवेश कराने लाते थे उन्हे 03 प्रतिश त मुनाफा लेता था। लोगो के द्वारा बैंक व नगद के माध्यम से पैसा लगाया जाता था. वह रूपया को मैं बैंक आॅफ इंडिया, एचडीएफसी बैेंक, इंडसइंड बैंक के खातो में रूपया को लेता था, आरोपी द्वारा अपने मोबाईल के प्ले स्टोर एप्प से बाइनेस एप्प डाउनलोड करके बाइनेस एप्प से ट्रेड के दौरान भारतीय रूप्या को बाइनेस एप के माध्यम से विदेश डाॅलर में तब्दील कर क्रिप्टो करेंसी में ट्रेड करता था.

ट्रेड से प्राप्त लाभविंत डालर को पुनः एप के ही माध्यम से भारतीय रूप्या में तब्दील कर सीधे आरोपी अपने अलग अलग बैंक के खातो में प्राप्त करता था। बाइनेस एप्प में लगभग  04-05 माह तक ट्रेडिंग का काम किया है। जानकारी के अनुसार आरोपी के द्वारा कुल 76 निवेशकों से कुल 3 करोड़,08 लाख,05 हजार रूपया क्रिप्टो करेंसी के नाम से 06 प्रतिशत लाभांश का लालच देकर निवेश करवाया गया। आरोपी सभी लेनदेन का हिसाब अपने लैपटाॅप में रखकर अपने मोबाईल से बाइनेस एप्प का संचालन करता था।

मामले में आरोपी से एक आईफोन 16 प्रो व एक विक्टस लैपटाॅप, रूपया गिनने का मशीन, निवेशको का इकरार नामा, एंव अन्य दस्तावेज को जप्त किया गया। 

              उक्त कार्यवाही में निरीक्षक विजय कुमार यादव, उनि धनेश्वर साहू, प्र.आर. योगेश चंन्द्राकर, आर. सुर्यप्रताप सिंह, का योगदान रहा।