राईस मिल की आकस्मिक जांच

 

खाद्य विभाग द्वारा की गई राईस मिल की आकस्मिक जांच

धमतरी । असल बात न्यूज।

राज्य के कुछ जिलों में कस्टम मिलिंग के कार्य को तेज करने के लिए rice Millers पर दबाव बनाने लगातार कार्रवाई की जा रही है। धमतरी जिले में कस्टम मिलिंग का काम नहीं करने वाले राइस मिलर्स के खिलाफ कार्रवाई की गई। राइस मिलर्स के द्वारा अनुबंध के अनुसार कस्टम मिलिंग के लिए धान का उठाव नहीं करने की शिकायतें हजारों सामने आ रही हैं।

कलेक्टर  जयप्रकाश मौर्य के मार्गदर्शन में जिले में कस्टम मिलिंग के कार्य को गति देने के लिए लगातार कार्रवाई की जा रही है। इसी कड़ी में आज खाद्य विभाग की टीम द्वारा खरीफ विपणन वर्ष 2020-21 में समर्थन मूल्य पर उपार्जित धान के कस्टम मिलिंग के तहत जिले के राइस मिलरों द्वारा अनुबंधित धान का उठाव कम किए जाने के कारण सांकरा स्थित साक्षी गोपाल अरवा राईस मिल की आकस्मिक जांच की गई।

 खाद्य अधिकारी ने बताया कि साक्षी गोपाल अरवा राईस मिल द्वारा 4800 मेट्रिक टन धान का अनुबंध किया गया है, जिसमें से मात्र 1441 मेट्रिक टन धान का ही उठाव किया गया है, जो कि मात्र 30 प्रतिशत है। उक्त राईस मिल द्वारा कस्टम मिलिंग नहीं कर अन्य कार्य खुले बाजार में बिक्री के लिए चावल का मिलिंग किया जा रहा था। छत्तीसगढ़ कस्टम मिलिंग चावल उपार्जन आदेश 2016 के उल्लंघन पाए जाने पर साक्षी गोपाल अरवा राइस मिल से 50.2 मेट्रिक टन धान तथा 20.77 मेट्रिक टन चावल जप्त किया गया ।