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लाल किले के आजादी के जश्न से राहुल गांधी-खरगे फिर रहे दूर, पिछले साल भी किया था बहिष्कार; जानें क्या है वजह?

  Rahul Gandhi Boycott Independence Day Program: देश आज 80वां स्वतंत्रता दिवस (80th Independence Day) मना रहा है। पूरे देश में रंगारंग कार्य...

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Rahul Gandhi Boycott Independence Day Program: देश आज 80वां स्वतंत्रता दिवस (80th Independence Day) मना रहा है। पूरे देश में रंगारंग कार्यक्रम किया जा रहा है। देश का मुख्य कार्यक्रम लाल किले के प्राचीर पर किया गया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लाल किले के प्राचीर से 80वें स्वतंत्रता दिवस समारोह कार्यक्रम में देश को संबोधित किया। वहीं आजादी के जश्न में राहुल गांधी- मल्लिकार्जुन खरगे शामिल नहीं हुए। पिछले वर्ष भी राहुल गांधी- मल्लिकार्जुन खरगे ने कार्यक्रम का बॉयकॉट किया था।



कांग्रेस सूत्रों के मुताबिक बैठने की व्यवस्था से लेकर कई दूसरे मामलों में कांग्रेस नेताओं के लोगों के साथ अपमानजनक व्यवहार होता है। लिहाजा वो आजादी के जश्न कार्यक्रम में लगातार दो साल से हिस्सा नहीं ले रहे हैं।

दरअसल, ये विवाद 2024 में स्वतंत्रता दिवस समारोह के दौरान खड़ा हुआ. यहां राहुल गांधी लाल किले पर हुए कार्यक्रम में परंपरा और प्रोटोकॉल से हटकर दूसरी आखिरी कतार में बैठे। वो लोकसभा में विपक्ष के नेता और कैबिनेट मंत्री का दर्जा रखते हैं। विपक्ष ने कांग्रेस सांसद को ये सीट दिया जाना, देश की जनता का अपमान बताया था। उस समय कार्यक्रम आयोजित करने वाले रक्षा मंत्रालय का तर्क था कि ओलंपियनों के लिए जगह बनाने के मकसद से व्यवस्था में थोड़ा बदलाव किया गया था। प्रोटोकॉल के अनुसार, औपचारिक कार्यक्रमों के दौरान विपक्ष के नेता को पहली कतार में बैठाया जाता है।

 

विपक्ष के साथ सरकार के बिगड़ते रिश्ते!

लहीं इस बार का मानसून सत्र 13 अगस्त गुरुवार को खत्म हुआ। संसद के मॉनसून सत्र के दौरान कामकाज के स्तर में बहुत ही बड़ी बार गिरावट देखी गई। पहले नीट पेपर लीक पर शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर विपक्ष ने हंगाम कर संसद नहीं चलने दिया। धर्मेंद्र प्रधान ने इस्तीफा दे दिया तो लाठी चार्ज को लेकर गृह मंत्री से जवाब और पाम मंदिर चढावा चोरी पर चर्चा की मांग को लेकर पूरे सीजन सिर्फ हंगामा करते रहे। इसके लिए विपक्ष और सरकार पार्टी, दोनों ने ही कामकाज कम होने के लिए एक-दूसरे को जिम्मेदार ठहराया। सदन की कार्यवाही अनिश्चित काल के लिए स्थगित होने के बाद, स्पीकर ओम बिरला द्वारा आयोजित पारंपरिक चाय पार्टी का कांग्रेस, तृणमूल कांग्रेस और समाजवादी पार्टी ने बहिष्कार किया।