कॉर्टेन स्टील के पैनल पर उकेरी गई है पहले छत्तीसगढ़िया बलिदानी की गाथा


 शहीद वीर नारायण सिंह की जन्मस्थली सोनाखान में एक म्यूजियम बनकर तैयार है। यह ओपन एयर म्यूजियम होगा। इसमें कॉर्टेन स्टील के पैनल पर स्वतंत्रता संग्राम के इस महान बलिदानी की जीवन गाथा उकेरी गई है। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल मंगलवार को बिलाईगढ़ विधानसभा में प्रवास के दौरान इसका उद्घाटन करने वाले हैं।

अधिकारियों ने बताया, सोनाखान में अपनी तरह का यह पहला म्यूजियम होगा, जहां ऑडियो- विजुअल सेटअप और विशेष पैनल के माध्यम से शहीद वीर नारायण सिंह की जीवनी को प्रदर्शित किया गया है। इसके लिए एक विशेष तरह के कॉर्टेन स्टील का प्रयोग किया गया है। इससे बनें लम्बे और सुंदर पैनल्स पर शहीद वीर नारायण सिंह की जीवनी उकेरी गई है। जिसकी भव्यता दिन के साथ ही रात में भी देखी जा सकती है।

लाइट के अद्भुत सेटअप इसे खास और अलग बनाते हैं। सभी पैनल में एक ऑडियो सेटअप लगा हुआ है, जिसके माध्यम से शहीद वीर नारायण सिंह की जन्म से लेकर क्रांति और बलिदान तक का वृत्तांत सुना जा सकता है। यह ऑडियो हिंदी, अंग्रेज़ी और छत्तीसगढ़ी भाषा में उपलब्ध है। यहां आने वाले लोग अपनी पसंद मुताबिक ऑडियो की भाषा तय कर सकते हैं। यहां पार्किंग और कैंटीन की भी व्यवस्था रहेगी। कैंटीन की व्यवस्था स्व-सहायता समूह को सौंपी गई है। इस म्यूजियम में आने वालों के लिए विभाग ने शुल्क तय किया है।

ऊपर से ऐसा दिखेगा यह म्यूजियम।
देश भर की कई महत्वपूर्ण परियोजनाओं में इस्तेमाल हुआ है कॉर्टेन स्टील

अधिकारियों ने बताया, देश में कॉर्टेन स्टील का उपयोग कई महत्वपूर्ण परियोजनाओं में कलाकृतियां बनाने के लिए किया जा चुका है। काशी विश्वनाथ कॉरिडोर, बिहार म्यूज़ियम और कई देशों के प्रतिष्ठित प्रोजेक्ट में इसका उपयोग है।

ऐसे कही गई है क्रांति की कहानी।
पिछले साल शहीद वीर नारायण सिंह की प्रतिमा का अनावरण हुआ था

पिछले साल दिसम्बर में पहुंचे मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने वहां बने स्मारक में शहीद की घोड़े पर सवार पर एक भव्य प्रतिमा का अनावरण किया था। इस दौरान उन्होंने शहीद की जन्मभूमि को और भव्य रूप देने की घोषणा भी की थी। अब सोनाखान में ओपन एयर म्यूजियम शुरू हो जाने से स्वतंत्रता संग्राम की यह कहानी अधिक पर्यटकों के लिए सुलभ होगी।