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48 घंटे में सुलझी सरपंच पति की हत्या, लूटपाट के दौरान वारदात को दिया था अंजाम

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 दुर्ग। दुर्ग से धमधा रोड पर लूट के दौरान कांग्रेस नेता एवं सरपंच पति प्रकाश सिंह कश्यप की हत्या मामले का पुलिस ने महज 48 घंटे के भीतर खुलासा कर दिया है। पुलिस ने एक आरोपी आदर्श उर्फ लाल (19) सहित तीन विधि से संघर्षरत बालकों को अभिरक्षा में लिया है। आरोपियों की निशानदेही पर घटना में प्रयुक्त मोटरसाइकिल, धारदार हथियार, पाइप, डंडा और लूटी गई नगदी भी बरामद कर ली गई है।


पुलिस के अनुसार, 2 अगस्त 2026 को ग्राम तुमाकला निवासी चोवाराम लोधी ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि वह अपने परिचित भूषण पटेल और प्रकाश सिंह कश्यप के साथ शंकराचार्य अस्पताल जा रहे थे। देर रात करीब दो बजे जब वे दुर्ग-धमधा रोड स्थित जय गजानंद ट्रक श्रृंगार के सामने पहुंचे, तभी काले रंग की डिस्कवर मोटरसाइकिल पर सवार चार युवकों ने उनकी बाइक रोक ली।



आरोपियों ने पहले विवाद शुरू किया और फिर डंडों से हमला कर दिया। इस दौरान उन्होंने प्रकाश सिंह कश्यप का मोबाइल और नगदी लूटने का प्रयास किया। विरोध करने पर एक आरोपी ने धारदार हथियार से लगातार वार कर उन्हें गंभीर रूप से घायल कर दिया। अन्य आरोपियों ने चोवाराम लोधी और उनके साथी से मारपीट कर करीब चार हजार रुपये लूट लिए और धमधा की ओर फरार हो गए। जिला अस्पताल ले जाने पर डॉक्टरों ने प्रकाश सिंह कश्यप को मृत घोषित कर दिया।


घटना की गंभीरता को देखते हुए चौकी जेवरा सिरसा, थाना पुलगांव और एसीसीयू की संयुक्त टीम गठित की गई। पुलिस ने घटनास्थल से लेकर दुर्ग, भिलाई, धमधा और आसपास के मार्गों पर लगे 100 से अधिक सीसीटीवी कैमरों की फुटेज का गहन विश्लेषण किया। तकनीकी साक्ष्यों, मुखबिर की सूचना और वैज्ञानिक जांच के आधार पर संदिग्धों की पहचान की गई।


पूछताछ में आरोपियों ने वारदात स्वीकार की। उनकी निशानदेही पर घटना में प्रयुक्त मोटरसाइकिल, धारदार हथियार, पाइप, डंडा और लूटी गई नगदी बरामद कर जब्त की गई। पुलिस के अनुसार, आरोपी देर रात सुनसान सड़कों पर राहगीरों को रोककर पहले विवाद करते थे, फिर मारपीट कर लूटपाट करते थे। विरोध करने पर धारदार हथियार से हमला कर फरार हो जाते थे।


इस मामले में आदर्श उर्फ लाल (19), निवासी कादम्बरी नगर, मोहन नगर दुर्ग सहित तीन विधि से संघर्षरत बालकों को अभिरक्षा में लिया गया है। आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की संबंधित धाराओं के तहत कार्रवाई की जा रही है। दुर्ग पुलिस ने आम नागरिकों से अपील की है कि किसी भी संदिग्ध व्यक्ति, वाहन या आपराधिक गतिविधि की सूचना तत्काल पुलिस को दें। पुलिस का कहना है कि समय पर मिली सूचना अपराधियों की शीघ्र गिरफ्तारी और अपराधों की रोकथाम में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है।