Page Nav

HIDE

Grid

GRID_STYLE

Pages

Classic Header

{fbt_classic_header}

Top Ad

ब्रेकिंग :

latest

Breaking News

Automatic Slideshow


सुशासन तिहार: गांवों में खत्म हो रहा शिकायतों का दौर,बलौदाबाजार जिले में जनसमस्या निवारण का महाभियान शुरू

  *10 जून तक चलेंगे शिविर,ग्रामीण और नगरीय क्षेत्रों में कुल 49 स्थानों पर पहुंचेंगी 'समाधान की चौपाल *पहले शिविर में उमड़ा जनसैलाब, राजस...

Also Read

 



*10 जून तक चलेंगे शिविर,ग्रामीण और नगरीय क्षेत्रों में कुल 49 स्थानों पर पहुंचेंगी 'समाधान की चौपाल

*पहले शिविर में उमड़ा जनसैलाब, राजस्व मंत्री ने अधिकारियों को दिए सख्त निर्देश- 'समय सीमा में हो हर आवेदन का निराकरण'

​रायपुर  .

असल बात news.

01मई 2026.

       छत्तीसगढ़ में सरकार की 'सुशासन' को धरातल पर उतारने की कवायद तेज हो गई है। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की मंशानुरूप बलौदाबाजार-भाटापारा जिले में 'सुशासन तिहार' के जरिए प्रशासन सीधे ग्रामीणों के दरवाजे पर दस्तक दे रहा है। शुक्रवार को ग्राम रिसदा से शुरू हुए इस अभियान ने पहले ही दिन सफलता के नए मानक स्थापित किए हैं।

*​मौके पर न्याय: 47% आवेदकों को तत्काल राहत

    इस अवसर पर राजस्व मंत्री ने  कहा कि हमारी सरकार की प्राथमिकता अंतिम पंक्ति के व्यक्ति को मुस्कुराते हुए देखना है।उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि शिविर के बाद भी आवेदकों से फीडबैक लिया जाए कि वे समाधान से संतुष्ट हैं या नहीं।

    ​रिसदा के हाई स्कूल प्रांगण में लगे शिविर की सबसे बड़ी विशेषता इसकी संवेदनशीलता रही। शिविर में आए 573 आवेदनों में से लगभग आधे  का निराकरण राजस्व मंत्री श्री टंक राम वर्मा की मौजूदगी में अधिकारियों ने तुरंत किया। यह इस बात का प्रमाण है कि सरकारी मशीनरी अब फाइलों को अटकाने के बजाय सुलझाने पर ध्यान दे रही है। जिन आवेदनों में तकनीकी पेच हैं, उनके लिए कलेक्टर कुलदीप शर्मा ने समय-सीमा (Timeline) निर्धारित कर दी है।

*​विकास का 'वन-स्टॉप' डेस्टिनेशन बने विभागीय स्टॉल

    ​शिविर में केवल शिकायतें ही नहीं सुनी गईं, बल्कि शासन की कल्याणकारी योजनाओं का 'डिलीवरी सेंटर' भी बनाया गया। पुलिस विभाग द्वारा सड़क सुरक्षा हेतु हेलमेट वितरण और भारत माता वाहिनी को संसाधन भेंट किए गए। इसी तरह युवाओं को कौशल विकास का सम्मान पत्र और टीबी मुक्त गांव के सरपंचों को महात्मा गांधी की प्रतिमा भेंट कर सामाजिक सहभागिता को सराहा गया। शिविर में स्वास्थ्य विभाग के स्टॉल पर डिजिटल एक्स-रे और तत्काल आयुष्मान कार्ड बनाने की सुविधा ने बुजुर्गों और मरीजों को बड़ी राहत दी।

*10 जून तक हर घर तक पहुंच

        ​कलेक्टर  ने स्पष्ट किया कि यह केवल एक दिवसीय आयोजन नहीं, बल्कि एक व्यवस्थित अभियान है। जिले के 30 ग्रामीण केंद्रों और 19 नगरीय निकायों में सुशासन तिहार के जरिए प्रत्येक नागरिक की पहुंच प्रशासन तक सुनिश्चित की जाएगी।

​       बलौदाबाजार से शुरू हुआ यह 'सुशासन का रथ' अब जिले के अन्य हिस्सों की ओर बढ़ रहा है। रिसदा शिविर की सफलता ने यह साफ कर दिया है कि यदि प्रशासन जन-प्रतिनिधियों के साथ समन्वय बिठाकर गांव की चौपाल तक पहुंचे, तो बड़ी से बड़ी समस्याओं का समाधान चुटकियों में संभव है।