भिलाई . असल बात news. गुरु घासीदास सेवा समिति सतनाम भवन, सेक्टर-6 के द्वारा गुरु पूर्णिमा गुरु अमरदास जी की जयंती के पावन अवसर पर सतनाम...
भिलाई .
असल बात news.
गुरु घासीदास सेवा समिति सतनाम भवन, सेक्टर-6 के द्वारा गुरु पूर्णिमा गुरु अमरदास जी की जयंती के पावन अवसर पर सतनाम भवन, सेक्टर-6, भिलाई के गुरु गद्दी स्थल पर श्रद्धा, समर्पण एवं आध्यात्मिक भावनाओं के साथ भव्य कार्यकम का आयोजन किया गया।
समारोह मे मुख्य अतिथि गुरु घासीदास सेवा समिति के पूर्व अध्यक्ष,श्री गैंदलाल राय थे. अध्यक्षता अध्यक्ष श्री बी. एल. कुर्रे ने की. विशिष्ट अतिथि श्री आर. डी. देशलहरा जी (पूर्व अध्यक्ष), श्री मंशा राम कुर्रे, श्री फत्तू राम जोशी, श्रीमति उर्मिला भास्कर, श्री भगवत बंजारे, श्री टी. आर. कोसरिया, श्री रामजी गायकवाड़ ,श्री सरयू बारले, श्रीमती सरोज बाला पहित थे. सभी वक्ताओं ने गुरु अमरदास जी की जीवनी पर प्रकाश डाला एवं समाज को गुरु-पूर्णिमा व गुरु अमरदास जी की जयंती की बधाई दी ।
कार्यक्रम का शुभारंभ गुरु गद्दी की पूजा-अर्चना एवं गुरुवंदना के साथ किया गया। इस अवसर पर गुरु अमरदास जी के तप, त्याग, सत्य और समता पर आधारित जीवन आदर्शों को स्मरण किया गया। भजन मंडली द्वारा मधुर भजन प्रस्तुत किए गए, जिन्होंने पूरे वातावरण को आध्यात्मिक ऊर्जा से भर दिया। सभी भजन प्रस्तोता सदस्यों का सम्मान मंचस्थ अतिथियों द्वारा शाल, श्रीफल एवं पुष्पहार से किया गया।
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि श्री गैंदलाल राय ज ने कहा कि –“गुरु परंपरा भारतीय संस्कृति की आत्मा है। तपस्वीगुरु अमरदास जी जैसे संतों ने समाज में सेवा, समरसता और आध्यात्मिक जागरूकता का मार्ग प्रशस्त किया है। उनकी शिक्षाएँ आज भी प्रासंगिक हैं और नव पीढ़ी के लिए प्रकाशस्तंभ हैं।”
समारोह में समाज के वरिष्ठजनों, महिलाओं, युवाओं और श्रद्धालुजनों की बड़ी संख्या में उपस्थिति रही समिति के श्री दिवाकर गायकवाड़,टेकराम बंजारे, नोहर सिहं कुर्रे,त्रिलोचन डहरे, एस. आर. नवरंगे,मनबोधी कुर्रे, बी. आर. बघेल, योगेश चतुर्वेदी, कैलाश चतुर्वेदी, रुपेश बारले, श्रीमती भामनी बंजारे, सागर टंडन।कार्यकर्म का संचालन समिति के महासचिव श्री एन. आर. गिलहरे व स्वागत भाषण समिति के सहसचिव श्री राजेन्द्र महिलांग एवं कार्यकम का आभार प्रदर्शन समिति के उपाध्यक्ष श्रीमति उर्मिला भास्कर ने किया गया ।
कार्यक्रम उपरांत सामूहिक गुरु प्रसाद का वितरण किया गया।