आईटीआई मैदान खुर्सीपार मे हुई नृशंस हत्या की गुत्थी सुलझी, दोस्त ही निकले दोस्त का हत्यारा

 


▪️ खुर्सीपार पुलिस ने सुलझाई 

▪️ 72 घंटे के अंदर हत्या के तीन आरोपी गिरफ्तार  

भिलाई।

 असर बात न्यूज़।। 

खुर्सीपार थाना क्षेत्र में लगभग दो-तीन दिन पहले मिली क्षत-विक्षत लाश के मामले का खुलासा कर लिया गया है यह हत्या का मामला निकला और इस मामले में तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है।

                     पुलिस सूत्रों से प्राप्त जानकारी के अनुसार केनाल रोड के बगल से लगे आईटीआई ग्राउण्ड में किसी अज्ञात पुरुष जिसकी उम्र 25-30 वर्ष के बीच की हो सकती है का शव पड़ा है , सिर व चेहरे पर गंभीर चोटे है कि सूचना पर खुर्सीपार पुलिस टीम तत्काल मौके पर पहुंची जहां उपस्थित सूचक बी ० सीमाद्री पिता बी ० हरिकृष्ण आचार्य निवासी शिवाजी नगर खुर्सीपार की सूचना पर मौके पर मर्ग कायमी कर जाँच शुरू की गई जॉच के दौरान घटना स्थल में दो बड़े पत्थर , कुछ शराब की बोतले , चखना शव के आसपास पड़े मिले । शव का नीचे का कपडा अंडर वियर व लोवर उतारकर शव से करीब 10 फिट दुर रखा हुआ था , पत्थर आदि मे खुन लगे । हुए थे , प्रथम दृष्टया प्रकरण हत्या का प्रतीत हो रहा था । मर्ग की जाँच के दौरान पोस्ट मार्टम रिपोर्ट के आधार पर प्रकरण में धारा 302 भादवि का अपराध पंजीबद्ध करने उपरांत विवेचना कार्यवाही की जा रही थी , मृतक के लोवर से मृतक का मोबाईल बरामद किया गया है जिससे उसकी पहचान श्याम कुमार उर्फ मोनू निवासी उडिया बस्ती खुर्सीपार के रूप में हो गयी थी। 

                 श्रीमान वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक महोदय श्री बी ० एन ० मीणा के मार्गदर्शन में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक ( शहर ) श्री संजय ध्रुव एवं नगर पुलिस अधीक्षक पुरानी भिलाई श्री विश्वास चंद्राकर के निर्देशन एवं थाना प्रभारी दुर्गेश शर्मा के नेतृत्व में कुल 3 टीम प्रकरण के आरोपियों के पता तलाश मे लगी हुई थी प्रकरण मे चूंकि मृतक मोनू का शव नीचे से नग्न अवस्था में मिला था , तथा लोवर अंडर वियर घटना स्थल में सहेजकर रखा हुआ था जिससे प्रथम दृष्टया यह प्रतीत हो रहा था कि किसी अवैध संबंध के चलते यह हत्या हुई होगी । पुलिस की सभी टीमे अलग अलग एंगल में जॉच कर रही थी । मृतक मोनू के संबंध मे जानकारी जुटाये जाने पर उसके अवैध संबंध होना भी पता चला था । जिसके कारण पुलिस उस दिशा में ही जाकर इस संबंध में सुक्ष्म से सुक्ष्म जानकारी व हर पहलू की गंभीरता से जॉच कर रही थी । इसके अलावा आसपास के क्षेत्र के सीसीटीवी फूटेज व मृतक से जुड़े उसके रिस्तेदार , दोस्त यार , व सभी संबंधितों के काल रिकार्डस वगैरह का मुआयना भी किया जा रहा था । परंतु पुलिस को अपेक्षित सफलता नहीं मिल पा रही थी। 

                     विवेचना के दौरान थाना खुर्सीपार के आरक्षक डी ० प्रकाश को एक सूचना मिली कि केनाल रोड में ट्रांसपोर्टर गनी खान के आफिस के पास घटना की रात को दो लडके मोटर सायकल में चौक के पास रूके थे जिन्हें आफिस के चौकीदार व वहां उपस्थित दो अन्य लडके देखे है कि सूचना पर पुलिस ने गंभीरता से काम करते हुए ट्रासपोर्ट आफिस के सीसीटीवी कैमरे को बताये गये समय मे खंगालना शुरू किया जिसमें दो लडके मोटर सायकल में आईटीआई ग्राउण्ड की तरफ से करीब 11.45 बजे आते दिख रहे है , और फुटपाथ के बगल में बाईक की बाई तरफ से गिरते दिख रहे है , गिरने के बाद स्वयं उठकर करीब 1 मिनट रुके है . जिस दौरान चौकीदार के साथ खड़ा एक लड़का उनसे बात करता दिखाई दे रहा है , परन्तु कैमरे से बहुत दूर होने के कारण पहचान नहीं हो पा रही थी । तथा इसके अलावा किसी भी कैमरे से कोई भी स्पष्ट फूटेज नहीं मिल पा रहा था , पुलिस ने चौकीदार के माध्यम से उस लड़के का पता किया जो बाईक वालों से बात किया था । उस लड़के का पता चलने पर पुलिस ने लड़के के बताये अनुसार हुलिए व बाईक का जमीनी स्तर पे पता तलाश करना शुरू किया पता तलाश के दौरान मुखबीर से सूचना मिली कि उडिया बस्ती की एक मोटर सायकल बताये अनुसार है , जिसके बाये तरफ ताजा स्केचस व डैमैज्स दिख रहे है । सूचना पर पुलिस टीम ने बाईक व बाईक के मालिक बलराम क्षत्रिया को तत्काल हिरासत में लिया हिरासत मे लेकर पूछताछ करने पर पहले तो राम क्षत्रिया द्वारा न नुकुन किया जा रहा था , परंतु शक्ति से पूछताछ करने पर उसने मोनू उर्फ श्याम कुमार की हत्या अपने दोस्त झुमन साहू निवासी उडिया बस्ती के साथ मिलकर किया जाना स्वीकार कर लिया । दुसरे आरोपी झुमन साहू को भी पुलिस टीम ने तत्काल हिरासत में ले लिया । झुमन ने भी पूछताछ में बलराम के साथ मिलकर मोनू उर्फ श्याम कुमार की हत्या करना स्वीकार कर लिया । 


               पुलिस की विस्तृत पूछताछ में आरोपियों ने यह बताया कि आरोपी बलराम क्षत्रिया की बहन रेखा सोना का लडका हुआ है , जिसकी पार्टी के लिए पीना खाना करने के लिए आरोपी बलराम व झुमन साहू मृतक मोनू उर्फ श्याम कुमार को रात के करीब 10.30 बजे से 10.45 बजे अपने साथ आईटीआई ग्राउण्ड ले गये थे , जहां शराब पीने के दौरान मृतक द्वारा आरोपी बलराम को यह कहा गया कि तेरी बहन का बच्चा तो हो गया है तेरी शादी को दो साल हो गये तेरा बच्चा क्यो नही हो रहा है एवं शारीरिक कमी को लेकर आपत्तिजनक टिप्पणी किये, जिसके कारण बलराम आकोश मे आते हुए पास मे पडे एक बड़े पत्थर को उठाकर मृतक मोनू के सिर पर ताबडतोड हमला शुरू कर दिया । झुमन साहू भी एक अन्य पत्थर उठाकर मोनू के चेहरे पर हमला करने लगा । आरोपी बलराम ने मोनू कोयह बोलते हुए कि तेरा मशीन ज्यादा काम करने लगा है न आज इसको किसी काम का नहीं छोडुंगा कहते हुए बदहवास पडे मृतक मोनू को लोवर व अंडर वियर उतारकर उसके लिंग पर भी पत्थर के नुकीले हिस्से से हमला किया और दोनों आरोपियों ने मृतक मोनू पर तब तक ताबडतोड हमला करते रहे जब तक वह मर नहीं गया । आरोपियों ने बताया कि पुलिस को गुमराह करने के लिए मोनू व अंडर वियर को बकायदा शव से थोड़ी दुर जमा कर रख दिए ताकि पुलिस यह समझे कि किसी अवैध संबंध का मामला है । उसके पश्चात दोनों आरोपी अपने एक अन्य दोस्त यशवंत यादव निवासी जामुल के पास जाकर उसे घटना के संबंध में अवगत कराते हुए उसके साथ मिलकर मशुरिया तालाब में जाकर घटना के दौरान दोनों आरोपियों के पहने हुए खुन लगे कपडे व चप्पल बेल्ट आदि जला दिए ताकि पुलिस को कोई संदेह न हो सके तथा यशवंत यादव के द्वारा दिए गये लोवर व टी शर्ट को पहनकर वापस घर आये और वापस आकर मृतक मोनू के सभी दुख कार्यक्रमों में उपिस्थत रहे तथा पुलिस के कार्यवाहियों पर लगातार नजर बनाये हुए थे । 4 दोनो ही आरोपियों के निशानदेही पर अन्य आरोपी यशवंत यादव को भी पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है । तथा आरोपीगण के निशानदेही पर मशुरिया तालाब घटना स्थल से अधजले महत्वपूर्ण दस्तावेज अधजला एटीएम , ( बलराम का ) , कपडो व चप्पल आदि के अवशेष जप्त किये गये है साथ ही यशवंत यादव द्वारा दिए गये कपडे भी कमशः आरोपी बलराम एवं झुमन साहू के पेश करने पर जप्त कर लिया गया है । घटना में प्रयुक्त बलराम का मोटर सायकल पैशन प्रो हरा काला रंग को भी जप्त कर लिया गया है ।


          उक्त सम्पूर्ण कार्यवाही में थाना प्रभारी खुर्सीपार दुर्गेश शर्मा के नेतृत्व में उप निरीक्षक सतीश साहू , सहायक उप निरीक्षक लखन लाल साहू आरक्षक डी ० प्रकाश , राकेश चौधरी , राकेश अन्ना , सिविल टीम सत्येन्द्र मढरिया , अरविन्द मिश्रा की विशेष भूमिका रही ।