960 सड़क दुर्घटनाओं में 400 व्यक्तियों की मृत्यु हो गई एवं 829 घायल

 

रायपुर । असल बात न्यूज।

छत्तीसगढ़ राज्य में सड़क दुर्घटना ये बढ़ती जा रही है  और सड़क दुर्घटनाओं में होने वाली मौतों की संख्या बढ़ती जा रही है। जुलाई महीने में कुल 960 सड़क दुर्घटनाओं में 400 व्यक्तियों की मृत्यु हो गई एवं 829 व्यक्ति घायल हुए हैं। मुख्य तौर पर तेज गति सेेेेेेेेेे वाहन चलाने की वजह से सड़क दुर्घटनाये  बढ़ती जा रही हैं।

 छत्तीसगढ़ के विभिन्न जिलों में वर्ष 2021 के पहले सात माह में सड़क दुर्घटनाओं, यातायात नियमों के उल्लंघन तथा प्रवर्तन की कार्यवाही की विशेष पुलिस महानिदेशक श्री आर.के.विज तथा एआईजी ट्रॉफिक  श्री संजय शर्मा द्वारा समीक्षा  की गई। समीक्षा के दौरान विशेषकर तेजी एवं लापरवाही से वाहन चालन के कारण सड़क दुर्घटनाओं में वृद्धि के मुख्य कारण के रूप में सामने आया है। परिलक्षित हुई है। माह जुलाई में आवागमन में वृद्धि से कुल 960 सड़क दुर्घटनाओं में 400 व्यक्तियों की मृत्यु एवं 829 व्यक्ति घायल हुए है। गत वर्ष जुलाई की तुलना इस वर्ष माह जुलाई में सड़क दुर्घटनाओं में 7.60 प्रतिशत, मृत्यु में 15.25 प्रतिशत वृद्धि एवं घायलों में 1 प्रतिशत की कमी हुई है। माह जनवरी से जुलाई 2021 में कुल 7116 सड़क दुघर्टनाओ में 3246 व्यक्तियों की मृत्यु तथा 6163 व्यक्ति घायल हुए है। गत वर्ष की तुलना में आलोच्य अवधि में सड़क दुघर्टनाओं में 10.22 प्रतिशत, सड़क दुर्घटना मृत्यु में 27.69 प्रतिशत एवं घायलों की संख्या में 3.14 प्रतिशत की वृद्धि चिंताजनक है। इस महिने में 25 अगस्त तक 814 सड़क दुर्घटनाओं में 342 व्यक्तियों की मृत्यु एवं 636 व्यक्ति घायल हुए है।  


राष्ट्रीय राजमार्ग में 29 प्रतिशत, राजकीय राजमार्ग में 19.39 प्रतिशत, एवं अन्य मार्ग में 51.60 प्रतिशत सड़क दुर्घटनाओं में मृत्यु हुई है। सड़क दुर्घटनाओं के विश्लेषण से स्थान/सड़क की त्रुटि, तेजगति, गलत दिशा में, नशे में, लापरवाहीपूर्वक वाहन चालन, हिट एण्ड रन, वाहन चालन करते समय मोबाईल का उपयोग, सड़क में मवेशी, प्रकाश की कमी एवं अन्य कारण परिलक्षित हुए है। सड़क दुर्घटनाओं में सर्वाधिक 79.90 प्रतिशत मृत्यु तेज गति तथा हिट एण्ड रन के कारण हुई। इसी प्रकार पैदल यात्री 16.54 प्रतिशत, सायकल सवार 3.32 प्रतिशत, कार से 5.22 प्रतिशत, हल्के सवारी वाहन से 1.33 प्रतिशत, माल वाहक वाहन से 1.86 प्रतिशत, बस से 0.15 प्रतिशत, ट्रेक्टर से 4.10 प्रतिशत, ट्रक/ट्रेलर से 1.92 प्रतिशत सड़क दुर्घटनाओं में सर्वाधिक 68.96 प्रतिशत मृत्यु मोटर सायकल चालक/सवारों की हुई है।

जिला- बलौदाबाजार, बालोद, बीजापुर, नारायणपुर, दंतेवाडा मे सड़क दुर्घटनाओं की संख्या में इस वर्ष 07 माह में आंशिक कमी, तथा जिला कोण्डागांव, सूरजपुर, रायगढ़, सरगुजा, गरियाबंद, गौरेला पेण्ड्रा मरवाही, सुकमा, बीजापुर, नारायणपुर, बलौदाबाजार, महासमुंद, धमतरी, दुर्ग, बेमेतरा, बालोद, कबीरधाम, बिलासपुर, मुगेली, कोरिया, बलरामपुर, जशपुर, जगदलपुर, कांकेर, कोण्डागांव, में गतवर्ष की तुलना में सड़क दुर्घटना मृत्युदर में वृद्धि हुई है। वर्ष के प्रथम 07 माह में मोटरयान अधिनियम के उल्लंघन के कुल 2,43,428 प्रकरणों में कार्यवाही कर कुल 7,02,31,850 रूपये समन शुल्क वसूल किये गये है। पूरे प्रदेश में सर्वाधिक कार्यवाही जिला-रायपुर (39732), दुर्ग (29727), बिलासपुर (19371), रायगढ़ (18303), सरगुजा (11512), कोरबा (9444), में की गयी है। एकीकृत सड़क दुर्घटना डाटाबेस(iRAD)के अनुसार माह अगस्त में खुले मौसम/क्षेत्र में सर्वाधिक तथा क्रमशः दूसरे तथा तीसरे क्रम में बादल, हल्की बारिश के मौसम में तथा वाहन से वाहन टकराने से सवार्धिक एवं वाहन से पैदल यात्री तथा वाहन के किसी वस्तु(Object) से टकराने से अधिक  सड़क दुर्घटनाएं हुई है। सड़क दुर्घटनाओं में सवार्धिक मृत्यु 25-35 वर्ष की आयु वर्ग में हुई है। 

अधिकांश (47.75%) सड़क दुर्घटनाएं दोपहर 3 बजे से रात्रि 9 बजे के बीच हुई हैं। अतएव विशेष पुलिस महानिदेशक श्री आर.के.विज. ने इस समय-खण्ड में सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाने हेतु दुर्घटनाजन्य सड़क खण्डों/ ग्रामीण थाना क्षेत्रों में प्रभावी प्रवर्तन की कार्यवाही सहित विशेषकर ओव्हर स्पींडिग, गलत दिशा, नशे में वाहन चालन सहित बिना सीटबेल्ट/हेलमेट के विरूद्ध अधीनस्थ अधिकारियों द्वारा प्रभावी प्रवर्तन की कार्यवाही तथा सड़क सुरक्षा उपकरणों के संधारण/प्रशिक्षण एवं जनजागरूकता के कार्यक्रम हेतु समस्त पुलिस अधीक्षकों को निर्देशित किया है।