सहकारी समितियों को मजबूत करने सरकार करेगी हर संभव मदद

 

किसानों से सुगमता पूर्वक धान खरीदने पर्याप्त बारदानों की उपलब्धता सुनिश्चित करने का निर्णय

रायपुर । असल बात न्यूज़।

 राज्य सरकार द्वारा खरीफ विपणन वर्ष 2021-22 में प्रदेश के किसानों से समर्थन मूल्य पर धान खरीदी के लिए गठित मंत्रीमंडलीय उप समिति ने धान खरीदी में बार दाने  की कमी की समस्या नहीं आने देने के लिए पूरी तैयारी करने का निर्णय लिया है।

  खाद्य मंत्री श्री अमरजीत भगत की अध्यक्षता में हुई बैठक में आगामी खरीफ वर्ष में किसानों की पंजीयन व्यवस्था, धान खरीदी एवं कस्टम मिलिंग के लिए पर्याप्त बारदानों की उपलब्धता के संबंध में विस्तार पूर्वक चर्चा की गई। मंत्रीमंडलीय उप समिति की बैठक में आगामी खरीफ विपणन वर्ष में धान खरीदी के लिए सभी आवश्यक तैयारियों पर चर्चा के दौरान प्राथमिकता के साथ बारदाना की उपलब्धता पर बल दिया गया। पिछले साल धान खरीदी में बारदाना की कमी के कारण उत्पन्न समस्याओं को ध्यान में रखते हुए केन्द्रीय पुल से प्राप्त बारदानों के अलावा अतिरिक्त बारदानों की उपलब्धता के लिए अभी से प्रक्रिया शुरू करने का निर्णय लिया गया। मंत्रिमंडलीय उपसमिति की बैठक में कृषि एवं पशुपालन मंत्री श्री रविन्द्र चौबे, वन एवं परिवहन मंत्री श्री मोहम्मद अकबर, स्कूल शिक्षा मंत्री डॉ. प्रेमसाय सिंह टेकाम और उच्च शिक्षा मंत्री श्री उमेश पटेल शामिल थे।  

बैठक में छत्तीसगढ़ सहकारी समिति को मजबूत करने के संबंध में भी विस्तार में चर्चा की गई। आगामी खरीफ विपणन वर्ष 2021-22 में धान खरीदी को सुगम बनाने के लिए समिति को सशक्त करते हुए हर संभव मदद देने पर भी विचार-विचर्श किया गया। धान उपार्जन केन्द्र में कार्यरत कम्प्यूटर ऑपरेटरों के मानदेय के संबंध में भी चर्चा की गई। मंत्रीमंडलीय उप समिति द्वारा उच्च स्तरीय चर्चा के बाद इन कर्मचारियों के हित में सहानुभूतिपूर्वक विचार करने पर जोर दिया।

मंत्रिमंडलीय उप समिति की बैठक में खरीफ विपणन वर्ष 2020-21 में समर्थन मूल्य पर खरीदे गए 92 लाख मिटरिक टन धान के निष्पादन एवं कस्टम मिलिंग के संबंध में भी चर्चा की गई। बैठक में समितियों से धान उठाव के निर्धारित समय 72 घंटे की अवधि में वृद्धि करने पर भी चर्चा की गई। पिछले खरीफ विपणन वर्ष में खरीदे गए धान का केन्द्रीय पुल भारतीय खाद्य निगम और छत्तीसगढ़ राज्य सार्वजनिक वितरण प्रणाली में निष्पादन के बाद अतिशेष धन की नीलामी तथा परिवहन के संबंध में भी विचार-विमर्श किया गया। बैठक में नॉन के चेयरमेन श्री रामगोपाल अग्रवाल, अपेक्स बैंक के चेयरमेन श्री बैजनाथ चन्द्राकर सहित खाद्य विभाग के सचिव श्री टोपेश्वर वर्मा, राजस्व विभाग की सचिव सुश्री रीता सान्डिल्य, सहकारिता विभाग के प्रबंध संचालक श्री हिमशिखर गुप्ता, मार्कफेट की प्रबंध संचालक श्रीमती किरण कौशल, नॉन के प्रबंध संचालक श्री निरंजन दास और अपेक्स बैंक के श्री के.एन. टांडे सहित संबंध वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।