दूसरी लहर में छत्तीसगढ़ सहित पूर्वोत्तर राज्यों में भी भारी तबाही

 

केंद्रीय मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह ने कहा कि पूर्वोत्तर के सभी 8 राज्यों में कोविड मामलों में लगातार गिरावट दर्ज की जा रही है

मंत्री ने पूर्वोत्तर के सभी आठ राज्यों के स्वास्थ्य सचिवों के साथ कोविड स्थिति की समीक्षा की


नई दिल्ली, छत्तीसगढ़। असल बात न्यूज।

0  विशेष संवाददाता

छत्तीसगढ़ राज्य के लिए खुशी की बात हो सकती है कि यहां के कई जिलों में आज कोरोना के एक भी नए संक्रमित नहीं मिले हैं। हालांकि यहां के बस्तर, सुकमा और बीजापुर जैसे वन क्षेत्र वाले जिलों में कोरोना के नए संक्रमितो की संख्या कम नहीं हो रही है। दूसरी तरफ देश में देश के पूर्वोत्तर राज्यों में कोरोना की दूसरी लहर ने भारी तबाही मचाई है। मेघालय, त्रिपुरा Sikkim, मणिपुर, नागालैंड, असम में प्रतिदिन बड़ी संख्या में नए संकेत मिल रहे हैं। केरल और महाराष्ट्र में भारी संख्या में नए संक्रमितो के मिलने की स्थिति लगातार बनी हुई है।मेघालय राज्य के री-भोई जिले की एक जेल में भी कोरोना फैल जाने की  खबर आ रही है। इन राज्यों में करोना के सक्रिय मामलों में गिरावट दर्ज करने के साथ-साथ टीकाकरण और कोरोना प्रोटोकॉल का कठोरता से पालन करने पर ज्यादा से ज्यादा जोर दिया जा रहा है।


Image



 असम: पिछले 24 घंटों में असम में कोविड-19 संबंधी कुल 38 मौतें हुईं, जबकि राज्य भर में हुई 1,37,665 जांच से संक्रमण के 2,669 नए मामले पता चले।

मणिपुर: मणिपुर में 508 नए मामले मिलने के साथ संक्रमण के कुल मामले बढ़कर 70 हजार पहुंच गए और 12 लोगों की मौत हो गई। टीकाकरण कराने वाले व्यक्तियों की संख्या 6,66,625 हैजिसमें 83,445 को दूसरी खुराक लग चुकी है।

मेघालय: मेघालय में प्रतिदिन बड़ी संख्या में कोविड-19 के नए मामले सामने आ रहे हैं। पिछले कुछ समय से सक्रिय मामलों की संख्या लगभग 4,000 के आसपास बनी हुई है। आज राज्य में कोविड-19 से जुड़ी छह मौतें हुईंजिसने मेघालय में मृतकों की कुल संख्या को 844 पहुंचा दिया है। उन्होंने कहा कि राज्य ने 577 नए मामले मिले हैं। 250 लोग वायरल संक्रमण से स्वस्थ हो चुके हैं। राज्य में अब तक कोविड-19 के कुल 50,090 मामले दर्ज किए गए हैंजिनमें से 4,537 सक्रिय मामले हैं, 44,709 लोग स्वस्थ हो चुके हैंजबकि 844 लोगों की मौत हो चुकी है।

नगालैंड: गुरुवार को नगालैंड में कोविड-19 के 66 नए मामले मिले और तीन लोगों की मौत हो गई। 82 लोग स्वस्थ हो गए और कुल मामले 25,305 हैं। बुधवार तक नगालैंड 4,46,094 लोगों को कोविड वैक्सीन की कुल 5,08,393 खुराकें लगा चुका है। अब तक 62,299 लोगों को टीके की दोनों खुराकें लग चुकी हैं।

सिक्किम: पिछले 24 घंटों में कोरोना वायरस के 122 नए मामले मिलने के साथ सिक्किम में कोविड-19 के सत्यापित मामलों की संख्या 20,666 हो गई। इस बीचइसी अवधि में एक अन्य व्यक्ति ने नोवल कोरोना वायरस संक्रमण के कारण दम तोड़ दियाजिससे सिक्किम के कोविड से जुड़ी मौतों का आंकड़ा 308 हो गया।

त्रिपुरा: पिछले 24 घंटों में त्रिपुरा में 450 लोग संक्रमित हो गए और एक व्यक्ति की मौत हो गई। पॉजिटिविटी रेट 4.98 है, जबकि अगरतला नगर निगम के तहत आने वाले क्षेत्रों में पॉजिटिविटी रेट 7.78% दर्ज किया गया है।


 यह बात चिंताजनक है कि महामारी के प्रथम लहर में पूर्वोत्तर राज्य कई अन्य राज्यों की तुलना में कोविड से अपेक्षाकृत बहुत कम प्रभावित रहे थे और सिक्किम जैसे कुछ राज्यों में लॉकडाउन अवधि के दौरान कोरोना का एक भी सकारात्मक मामला सामने नहीं आया था। लेकिन इसके विपरीत इस वर्षपूर्वोत्तर राज्यों में भी कोरोना के सकारात्मक मामलों में उल्लेखनीय वृद्धि दर्ज की गई है।केंद्र सरकार पूर्वोत्तर राज्यों के सभी आठ मुख्यमंत्रियों के साथ लगातार संपर्क में  हैं और राज्यों की तरफ से जो भी मदद की मांग की जाती हैउसे केंद्र सरकार द्वारा तुरंत उपलब्ध कराया जा रहा है।  नगालैंड और मणिपुर राज्यों में वैक्सीन आपूर्ति के मुद्दों पर भी पिछले दिनों  बातें आई थी जिसे संज्ञान लियाऔर केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय के अधिकारियों को अविलंब रूप से इसका समाधान करने का निर्देश दिया गया है।पूर्वोत्तर क्षेत्र में 2 जुलाई 2021 को सकारात्मक दर घटकर 2.94 प्रतिशत हो चुकी है जो कि 30 जून2021 को 3.96 प्रतिशत थी। यह राष्ट्रीय औसत के ही अनुरूप है जोकि 30 जून 2021 को 2.34% थी और 2 जुलाई2021 को कम होकर 2.09% हो चुकी है।

कहा जा रहा है कि पूर्वोत्तर के सभी राज्यों में फिलहाल पर्याप्त बिस्तर क्षमताएं और ऑक्सीजन स्टॉक उपलब्ध हैं।  डोनर और एनईसी मंत्रालय कोविड संबंधित बुनियादी संरचना को पूरा करने और बढ़ावा देने के लिए सक्रिय कदम उठा रहे हैं। पूर्वोत्तर के आठ राज्यों में से प्रत्येक राज्य में ऑक्सीजन संयंत्र लगाने के लिए जापान और यूएनडीपी द्वारा सहयोग करने का आश्वासन दिया गया है। 

उल्लेखनीय है कि कोविड की पहली लहर के दौरान सभी आठ पूर्वोत्तर राज्यों को कोविड-19 कोई बहुत अधिक नुकसान का सामना नहीं करना पड़ा था  और पूरा क्षेत्र पूरे देश में कोरोना प्रबंधन के मॉडल के रूप में उभरकर सामने आया था। लेकिन चिंता जनक बात है  कि कोरोना की दूसरे लहर के दौरान कोविड-19 के कारण पिछले वर्ष की तुलना में इस क्षेत्र में भारी तबाही हुई है।




......................

................................

...............................

असल बात न्यूज़

खबरों की तह तक, सबसे सटीक , सबसे विश्वसनीय

सबसे तेज खबर, सबसे पहले आप तक

मानवीय मूल्यों के लिए समर्पित पत्रकारिता

................................

...................................