थर्ड वेव की आशंका के चलते डीएमएफ की आधी राशि कोरोना से लड़ाई के लिए सुरक्षित, आधी राशि से विकास कार्य होंगे

 


-इस तिमाही 6 करोड़ 38 लाख रुपए की राशि होगी व्यय, सभी सदस्यों ने कहा कि कोरोना संक्रमण को थामने के उपाय होने चाहिए पहली प्राथमिकता

दुर्ग । असल बात न्यूज़।

दुर्ग जिले में जिला खनिज न्यास की आधी राशि Corona से बचाव, रोकथाम और उसके खिलाफ आगे लड़ाई लड़ने के लिए सुरक्षित कर दी गई है।अभी वैश्विक महामारी कोरोना की तीसरी लहर आने की आशंका बनी हुई है। खतरा लगातार बना हुआ है। जिसे देखते हुए जिला खनिज न्यास की आधी राशि उसके खिलाफ लड़ाई लड़ने के लिए सुरक्षित कर दी गई है। जिला खनिज न्यास परिषद आज बैठक हुई जिसने इस बारे में महत्वपूर्ण निर्णय लिया गया। ज्यादातर सदस्यों ने डी एम एफ की राशि कोरोना से बचाव और रोकथाम के कार्यों के लिए सुरक्षित रखने का जोर दिया। इस मद के लिए तीन करोड पर सुरक्षित कर दिया गया है।बैठक में जिले की शिक्षा तथा स्वास्थ्य व्यवस्था के साथ भिलाई टाउनशिप में स्वच्छ पानी की आपूर्ति के बारे में भी काफी चर्चा हुई।

डीएमएफ शासी परिषद की आज हुई बैठक में सभी सदस्यों ने कोरोना संक्रमण से निपटने और भविष्य में तीसरी वेव की आशंका को देखते हुए डीएमएफ के संसाधन का उपयोग करने पर जोर दिया। सदस्यों ने कहा कि तीसरे वेव की आशंका को देखते हुए यह बहुत जरूरी है कि इससे निपटने के लिए पर्याप्त व्यवस्था रखें और कोरोना संक्रमण से रोकथाम के लिए डीएमएफ के माध्यम से पर्याप्त राशि उपलब्ध कराई जाए। कोरोना संक्रमण से अधिकाधिक लोगों को सुरक्षित रखने के लिए जिस तरह के व्यय की जरूरत होगी, उसके मुताबिक निर्णय लेकर डीएमएफ की राशि इस पर व्यय किये जाने का निर्णय लिया जाएगा। बैठक में जिले के प्रभारी मंत्री  मोहम्मद अकबर ने कहा कि सदस्यों का जिस तरह का मत है और निर्णय है उससे कोरोना संक्रमण की स्थिति को देखते हुए आधी राशि अर्थात लगभग तीन करोड़ इस मद में व्यय के लिए सुरक्षित रखे जाएँ। शेष 3 करोड़ 38 लाख रुपए से  सदस्यों के प्रस्तावों पर विचारोपरांत निर्णय लेकर इन पर कार्य आरंभ किया जाए।

 बैठक में गृह एवं पीडब्ल्यूडी मंत्री  ताम्रध्वज साहू ने कहा कि डीएमएफ के माध्यम से पहले भी स्वास्थ्य ढाँचे में खर्च किये गए हैं। इनका उपयोगी नतीजा आया है। अभी भी कोरोना संक्रमण को रोकने की दिशा में यह राशि काफी काम आएगी। शेष राशि में जो अत्यंत आवश्यक प्रकृति के कार्य हैं उन्हें स्वीकृत कर आरंभ कराया जाए।

 बैठक में संबोधन में कृषि मंत्री  रविंद्र चैबे ने कहा कि दुर्ग जिले में कोरोना संक्रमण की रोकथाम को लेकर प्रशासन ने अच्छा काम किया है। तेजी से निर्णय लेते हुए और अधोसंरचना पर काम करते हुए कोरोना संक्रमण की रोकथाम की दिशा में प्रभावी कार्रवाई हुई। आगे भी तीसरी लहर की आशंका को देखते हुए हमें अपने संसाधनों को लगातार अपडेट करना होगा, इसके लिए डीएमएफ के माध्यम से पूरी मदद देनी होगी। पीएचई मंत्री  गुरु रूद्र कुमार ने कहा कि विधायक निधि और डीएमएफ के बेहतर उपयोग से पूरे प्रदेश में कोरोना संक्रमण से लड़ने का ढांचा मजबूत हुआ है। हम लोगों ने लगातार इस दिशा में कार्य किया है और आगे भी अग्रिम तैयारी हमारे लिए काफी उपयोगी होगी। दुर्ग विधायक  अरुण वोरा ने क्षेत्र की प्रमुख माँगों को बैठक में रखा। उन्होंने कहा कि डीएमएफ के माध्यम से कुछ ऐसे प्रस्ताव रखे गए हैं जिनसे दुर्ग के नागरिकों को काफी शिक्षा, स्वास्थ्य जैसे बुनियादी महत्व के मुद्दों पर काफी राहत मिलेगी। वैशाली नगर विधायक  विद्यारतन भसीन ने कहा कि टीकाकरण प्रक्रिया अभी लंबी चलेगी, टीकाकरण स्थलों पर डीएमएफ मद से शेड आदि के निर्माण कार्य आरंभ किये जा सकते हैं ताकि बरसात में लोगों को दिक्कत न हो।

भिलाई टाउनशिप में पेयजल का मुद्दा, पर्यावरण मंडल के अधिकारियों को भी जाँच के लिए भेजें स्पाट पर-* बैठक में भिलाई विधायक  देवेंद्र यादव ने टाउनशिप में पेयजल का मुद्दा उठाया। उन्होंने कहा कि उनके द्वारा तथा जिला प्रशासन द्वारा बार-बार ताकीद दिये जाने के बावजूद भिलाई टाउनशिप की पेयजल व्यवस्था में अपेक्षित सुधार बीएसपी प्रबंधन ने नहीं किया। कलेक्टर डाॅ. सर्वेश्वर नरेंद्र भुरे ने बताया कि बीएसपी प्रबंधन को बताया गया है कि फिल्टर प्लांट की टेक्नालाजी बदलें और तात्कालिक रूप से ऐसे उपाय करें जिनसे अपेक्षित नतीजे सामने आये। आज ही प्रशासन ने पेयजल का पुनः टेस्ट कराया है और पहले से गुणवत्ता में सुधार परिलक्षित हुआ है। अभी वे गंगरेल से पानी मंगा रहे हैं इसका असर तीन दिनों में दिख सकता है। बीएसपी प्रबंधन को नागरिकों को अविलंब शतप्रतिशत शुद्ध पेयजल उपलब्ध कराने के निर्देश दिये गए हैं। प्रभारी मंत्री ने कहा कि पर्यावरण मंडल के अधिकारियों को भी मौके पर भेजकर रिपोर्ट लें।

अब तक 133 करोड़ रुपए के कार्य प्रस्तावित हो चुके हैं डीएमएफ से-  कलेक्टर डाॅ. सर्वेश्वर नरेंद्र भुरे ने शासी परिषद की बैठक में डीएमएफ मद से अब तक किये गये कार्यों की विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने कहा कि अब तक 133 करोड़ रुपए के कार्य प्रस्तावित हो चुके हैं जिनमें से अधिकांश पर कार्य पूरा हो चुका है। 3475 स्वीकृत कार्यों में 352 कार्य प्रगतिरत हैं। आज हुई बैठक में जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती शालिनी यादव, नगर निगम आयुक्त दुर्ग  ऋतुराज रघुवंशी, जिला पंचायत सीईओ  सच्चिदानंद आलोक, नगर निगम रिसाली कमिश्नर  प्रकाश सर्वे एवं अन्य अधिकारी उपस्थित थे।